Saturday, April 10, 2010

प्यार





देखता हूँ अश्क जब खुद का आईने मे,
तो कोई और ही नज़र आता है,
तुजसे मिलने के बाद ए माहि ..
कोई इतना केसे बदल जाता है |
---प्रकाश

प्यार करना हमे आता नहीं,
प्यार निभाना हमे आता नहीं,
आता नहीं हमे, प्यार से प्यार करना ,
ऐसा क्यों है, हम्हे कोई समजाता भी नहीं |
--- प्रकाश

Friday, April 9, 2010

दोस्ती



This nagma is dedicated to all my friends. Its for you

दिल्लगी है दोस्ती, प्यार है दोस्ती
कभी अनभन है दोस्ती, तो कभी मस्ती है दोस्ती...
सताना है दोस्ती, मानना है दोस्ती
दोस्ती दोस्तों से पूछो, क्या है दोस्ती ...
अगर वो बता ना पाए, तो फिर हम से पूछो क्या है दोस्ती
ए दोस्त, खुदा का सबसे हसीं तोफहा है दोस्ती,
जो कभी ख़तम न हो, वो जाम है दोस्ती...
--- प्रकाश


Thursday, April 8, 2010

तन्हाइयां



तन्हां हू मै, तन्हां है मेरी तन्हाइयां ...
रूह मै उतरकर देखो, किंतनी है इस में गहरिया |
--- प्रकाश

एक बार प्यार कर के तो देखो सब कुछ हो सकता है
हम ने कब ये सोचा था की हम भी यहाँ होगे,
होता साथ तुम्हारा तो, जिंदिगी मै यु बेपन्हा तन्हां न होते |
--- प्रकाश